खटीमा: बीते तीन दिनों से हो रही लगातार बारिश से निचले इलाकों में जलभराव की समस्या बढ़ गई है. जिससे लोग परेशान हो गए हैं. खटीमा उप जिला चिकित्सालय का मुख्य मार्ग और अस्पताल परिसर बारिश के पानी से पूरी तरह जलमग्न हो गया है. जल निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के चलते मरीजों और तीमारदारों को पानी के बीच से अस्पताल पहुंचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
लंबे समय से चली आ रही इस समस्या को लेकर स्थानीय लोग कई बार मांग उठा चुके हैं, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं होने से हर बरसात में उप जिला अस्पताल जलभराव की समस्या से जूझता नजर आता है. वहीं, ईटीवी भारत ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया. जहां जलभराव के बीच से ही मरीज और तीमारदार गुजरते दिखे.
अस्पताल परिसर में जलभराव: खटीमा उप जिला अस्पताल में लगातार बारिश की वजह से मुख्य राजमार्ग से अस्पताल को जाने वाली सड़क जलमग्न हो गई है. जबकि, अस्पताल परिसर भी पूरी तरह जलमग्न हो चुका है. निकासी की व्यवस्था ना होने से अस्पताल के रास्ते एवं परिसर में पानी भरा हुआ है. जिससे अस्पताल में आने वाले मरीज, तीमारदारों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ रही है.
अस्पताल स्टाफ एवं स्थानीय लोगों को भी अस्पताल मार्ग पर जल भराव से परेशानी उठानी पड़ रही है. लंबे समय से उप जिला अस्पताल इलाके में पानी निकासी की बेहतर व्यवस्था ना होने के चलते बरसात के सीजन में जलमग्न होना, इसकी नियति बन गई है, लेकिन शासन प्रशासन की ओर से इस समस्या के निदान को लेकर अभी तक कोई प्रयास नहीं किए गए हैं.
इसके अलावा खटीमा के कई अन्य निचले इलाकों में भी जलभराव की स्थिति पैदा हो गई है. हालांकि, तीसरे दिन बरसात के रुकने से आमजन ने राहत की सांस ली है. फिलहाल, आसमान में बादल छाए हुए हैं. जिससे रात के समय फिर बरसात होने की संभावनाएं बनी हुई है.
नैनीताल में पेड़ गिरने से दो मकान क्षतिग्रस्त: नैनीताल जिले के चोरगलिया में भारी बारिश के बीच पेड़ गिरने से दो मकान क्षतिग्रस्त हो गए. जहां लाखनमंडी क्षेत्र में आम का पेड़ अचानक दो मकानों पर जा गिरा, जिससे घरों में रखा सामान और एक बाइक पेड़ के नीचे दब गई. हादसे में दो लोगों को चोटें आईं. सूचना मिलते ही चोरगलिया पुलिस मौके पर पहुंची और राहत-बचाव अभियान चलाकर मकानों के अंदर मौजूद लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला.
बताया जा रहा है कि दूसरा मकान मुकेश राम का है. यहां भी पेड़ गिरने से मकान को नुकसान पहुंचा. हादसे के दौरान मुकेश राम के पिता हरीश राम के हाथ में चोट आई. जबकि, उनकी 18 वर्षीय बेटी को भी गुम चोटें आई हैं. पेड़ गिरने की सूचना मिलते ही चोरगलिया पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया.
यमुनोत्री घाटी में बारिश से भूधंसाव, विद्युत लाइन क्षतिग्रस्त होने से बिजली रही गुल: उत्तरकाशी के यमुनोत्री घाटी में लगातार हो रही बारिश के बीच रविवार को रानाचट्टी के पास भू-धंसाव हो गया. जिसकी चपेट में आने से 11 केवी विद्युत लाइन क्षतिग्रस्त हो गई. विद्युत लाइन क्षतिग्रस्त होने से दोपहर बाद यमुनोत्री धाम समेत गीठ पट्टी के दर्जनों गांवों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई.
अचानक बिजली गुल होने से स्थानीय लोगों के साथ ही यमुनोत्री धाम क्षेत्र में भी दिक्कतें बढ़ गईं. सूचना मिलते ही ऊर्जा निगम की टीम मौके पर पहुंची और बारिश के बीच लाइन को दुरुस्त कर आपूर्ति बहाल करने का काम शुरू किया. पिछले दो दिनों से लगातार हो रही बारिश से यमुनोत्री हाईवे सहित विभिन्न संपर्क मार्गों के आसपास कई स्थानों पर भू-धंसाव और भूस्खलन का खतरा बना हुआ है.
“रानाचट्टी के पास भू-धंसाव की वजह से 11 केवी विद्युत लाइन क्षतिग्रस्त हुई है. लाइन को ठीक करने के लिए कर्मचारी मौके पर काम कर रहे हैं. बारिश और भूस्खलन की स्थिति के कारण मरम्मत कार्य में कुछ दिक्कतें आ रही हैं, लेकिन विद्युत आपूर्ति बहाल करने के प्रयास किए जा रहे हैं.“- नीरज नौटियाल, जेई, ऊर्जा निगम
