गोरखपुर: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ दीपोत्सव मनाने के लिए वनग्राम तैयार हो रहा है। रविवार को योगी जंगल तिनकोनिया नंबर तीन में वनटांगियों के साथ दीपावली पर्व मनाएंगे। इस दौरान 78 करोड़ रुपये के विकास कार्यों की सौगात भी देंगे। वनटांगियों के जीवन से उपेक्षा का अंधेरा मिटाकर विकास और खुशहाली की रोशनी पहुंचाने वाले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस दीपावली भी उनके बीच होंगे। वनटांगियों के साथ दीपावली मनाने का योगी का सिलसिला 2006 में शुरू हुआ, जब वह सांसद थे। 2017 में मुख्यमंत्री बनने के बाद भी यह सिलसिला थमा नहीं। मुख्यमंत्री के रूप में वनग्राम में यह उनकी लगातार 10वीं दीपावली होगी। वनटांगियों को भी दीपपर्व का इंतजार पूरे साल रहता है। शुक्रवार को वनटांगिया बस्ती जाने वाली सड़कें चकाचक मिलीं। दीपोत्सव के लिए जर्मन हैंगर लगाने का काम जोरों पर था। हेलीपैड के साथ रेस्ट रूम को भी तैयार किया जा रहा है। गांव की सभी स्ट्रीट लाइटें दुरुस्त कर जांची गईं। बस्ती के लोग मुख्यमंत्री के स्वागत में अपने घर और द्वार की साफ-सफाई में जुटे मिले।
उपेक्षा से अधिकार और विकास तक का सफर
एक समय ऐसा था, जब वनटांगिया समुदाय के लोग जंगल में रहते हुए भी बुनियादी सुविधाओं और अधिकारों से वंचित थे। आजादी के 71 साल बाद भी उपेक्षा झेल रहे इस समुदाय को मुख्यधारा से जोड़ने की पहल योगी आदित्यनाथ ने सांसद रहते की थी। उनकी पहल पर सदन में वनाधिकार कानून पारित हुआ। वर्ष 2010 में अधिकार पत्र मिला, लेकिन राजस्व गांव का दर्जा अक्टूबर 2017 में तब मिला जब योगी मुख्यमंत्री बने। इसके बाद गोरखपुर और महराजगंज के 23 वनटांगिया गांवों के विकास की राह खुली। इसके बाद प्रदेश की 38 अन्य वनवासी बस्तियों तक भी विकास और अधिकारों की पहुंच बढ़ी।
लाभार्थीपरक योजनाओं के लगेंगे स्टॉल
आयोजन स्थल पर केंद्र और प्रदेश सरकार की लाभार्थीपरक योजनाओं के स्टॉल भी लगाए जाएंगे। इसके लिए सभी विभागों ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। विभिन्न विभागों की योजनाओं की जानकारी देकर लाभार्थियों को जागरूक किया जाएगा। साथ ही मौके पर ही पात्र लोगों को योजनाओं का लाभ भी दिलाया जाएगा।
बाबा के आने पर ही जलते हैं गांव में दीये
जंगल तिकोनिया नंबर तीन में मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर उत्साह चरम पर है। गांव के लोगों के लिए योगी आदित्यनाथ अब सिर्फ मुख्यमंत्री नहीं, बल्कि परिवार के सदस्य सरीखे हैं। उनके और वनटांगिया समुदाय के बीच बना अपनत्व का रिश्ता पीढ़ियों की स्मृतियों में दर्ज है। यही वजह है कि दीपावली पर गांव के बुजुर्ग भी बच्चों जैसी जिद करते हैं कि बाबा नहीं आएंगे तो दीये नहीं जलाएंगे। तिनकोनिया गांव के रामगणेश कहते हैं कि गांव में यह कहावत जैसी बन गई है कि दीपोत्सव का हर दीप योगी बाबा के नाम से जलता है।
रिश्ते की गर्माहट से कायम है परंपरा
वनटांगिया समुदाय के लिए दीपावली अब सिर्फ रोशनी और आतिशबाजी का त्योहार नहीं, बल्कि सम्मान, पहचान और अपनेपन का उत्सव भी है। हर साल मुख्यमंत्री का उनके बीच पहुंचना इस समुदाय को भरोसा देता है कि विकास की मुख्यधारा में उनकी जगह सुनिश्चित है। इस बार भी गांव के लोग अपने ‘बाबा’ के स्वागत के लिए उत्साहित हैं। मुख्यमंत्री के साथ दीपावली मनाने और विकास कार्यों की सौगात पाने की उम्मीद ने गांव के उत्सव को खास बना दिया है।
78 करोड़ के विकास कार्यों की देंगे सौगात
रविवार को वनटांगिया गांव जंगल तिकोनिया नंबर तीन के मंच से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जिले की कई ग्राम पंचायतों को 78 करोड़ रुपये का दिवाली उपहार देंगे। इस दौरान 74.12 करोड़ रुपये की लागत वाली 24 विकास परियोजनाओं का शिलान्यास करेंगे। इसके साथ ही 3.88 करोड़ रुपये की लागत वाली 20 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण करेंगे। इन परियोजनाओं में अधिकांश विभिन्न गांवों में बुनियादी सुविधाओं के विकास से जुड़े कार्य हैं।
इन योजनाओं का शिलान्यास
शिलान्यास होने वाले कार्यों में कुसम्ही जंगल के तहत इको पार्क का विकास भी शामिल है। इसे कार्यदायी संस्था उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम 4.85 करोड़ रुपये से विकसित करेगी। इसके अलावा नगर पंचायत पिपराइच में 1.92 करोड़ रुपये से वैश्विक नगर बाजार का निर्माण किया जाएगा। इसका निर्माण कार्यदायी संस्था सीएंडडीएस, उत्तर प्रदेश जल निगम (नगरीय) की यूनिट-14 करेगी। इसके लिए 96 लाख रुपये अवमुक्त हो चुके हैं। 26 नवंबर को टेंडर की प्रक्रिया भी पूरी हो जाएगी।
