रुद्रपुर। रुद्रपर के पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल के खिलाफ पुलिस ने गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया। यह कार्रवाई कांग्रेस नेत्री एवं पूर्व पालिकाध्यक्ष मीना शर्मा द्वारा कोतवाली में दिए गए धरने के बाद की गई है। मामला एक वर्ष पूर्व वायरल हुए ऑडियो से जुड़ा है, जिसमें कांग्रेस नेत्री के चरित्र हनन का आरोप लगाया गया है।
कोतवाली रुद्रपुर में दर्ज मुकदमे में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 252 और 79 के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस के अनुसार, आरोप सिद्ध होने की स्थिति में इन धाराओं के अंतर्गत दो से तीन वर्ष तक की सजा का प्रावधान है।
मंगलवार को कांग्रेस नेत्री मीना शर्मा दर्जनों महिलाओं के साथ कोतवाली पहुंचीं और एक साल से लंबित कार्रवाई को लेकर धरने पर बैठ गईं। उन्होंने पुलिस पर सवाल उठाते हुए कहा कि गंभीर आरोपों के बावजूद अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। धरने के दौरान मीना शर्मा भावुक हो गईं, उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े और उन्होंने न्याय न मिलने की स्थिति में आत्मदाह तक की चेतावनी दे दी, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मौके पर एसडीएम मनीष विष्ट, कोतवाल मनोज रतूड़ी और क्षेत्राधिकारी प्रशांत कुमार पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से वार्ता की और त्वरित कार्रवाई का भरोसा दिया, जिसके बाद धरना समाप्त कराया गया।
धरना समाप्त होने के कुछ ही समय बाद पुलिस ने वायरल ऑडियो को आधार बनाते हुए पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि धारा 79 बीएनएस विशेष रूप से महिलाओं के खिलाफ अपशब्दों के प्रयोग, अपमान और चरित्र हनन जैसे मामलों में लागू की जाती है, जिसे कानून की दृष्टि से गंभीर अपराध माना गया है।
इस मामले को लेकर सत्ता और विपक्ष के बीच बयानबाजी शुरू हो चुकी है, जबकि आम जनता की निगाहें अब पुलिस जांच और आगे की कानूनी कार्रवाई पर टिकी हैं।
