गुरुग्राम: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गुरुग्राम में आयोजित जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए आमजन की समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए. बैठक में कुल 16 शिकायतें और समस्याएं मुख्यमंत्री के समक्ष रखी गईं. इनमें से 13 मामलों का समाधान मौके पर ही कर दिया गया, जबकि तीन मामलों को आगे की जांच और आवश्यक कार्रवाई के लिए लंबित रखा गया.
गलत रजिस्ट्री मामले में सख्त कार्रवाई के निर्देश: बैठक के दौरान एक व्यक्ति ने गलत रजिस्ट्री किए जाने की शिकायत मुख्यमंत्री के समक्ष रखी. मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने तथा पीड़ित को न्याय दिलाने के निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि नागरिकों के अधिकारों से जुड़ी शिकायतों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
सड़कों की स्थिति पर मांगी विस्तृत रिपोर्ट: शहर में खराब सड़कों और अधूरे विकास कार्यों को लेकर भी शिकायतें सामने आईं. मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्राधिकार में आने वाली सड़कों की स्थिति और निर्माण कार्यों का विस्तृत ब्यौरा तैयार करें. उन्होंने कहा कि, “विकास कार्यों में तेजी लाकर लोगों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है.”
कांग्रेस पर साधा राजनीतिक निशाना: बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कांग्रेस पर जमकर हमला बोला. उन्होंने कहा कि, “कांग्रेस जनता को बरगलाने का काम कर रही है और अपने शासनकाल में सरकारी तंत्र का दुरुपयोग करती रही है. देश की जनता लगातार कांग्रेस को नकार रही है. वर्तमान सरकार पारदर्शी और जनहितकारी शासन देने के लिए प्रतिबद्ध है.”
एलपीजी और राजनीतिक मर्यादा का भी किया जिक्र: मुख्यमंत्री ने कांग्रेस के शासनकाल की तुलना करते हुए कहा कि, “कांग्रेस के समय आम लोगों को एलपीजी सिलेंडर के लिए कई-कई दिनों तक इंतजार करना पड़ता था, जबकि हमारी सरकार जनता को बेहतर सुविधाएं देने के लिए लगातार काम कर रही है.” उन्होंने कांग्रेस पर राजनीतिक मर्यादाओं और भाषा की सीमाओं को लांघने का आरोप लगाते हुए कहा कि, “स्वस्थ लोकतंत्र में संयमित और जिम्मेदार राजनीति आवश्यक है.”
