By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
lokmatujalalokmatujalalokmatujala
  • Home
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • दिल्ली/एनसीआर
    • हरियाणा
    • पंजाब
    • राजस्थान
    • बिहार
    • मध्यप्रदेश
    • झारखंड
    • हिमाचल प्रदेश
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अर्न्तराष्ट्रीय
  • धार्मिक
  • मनोरंजन
    • खेल
    • बॉलीवुड
  • क्राइम
  • राजनीति
  • बिज़नेस
Notification Show More
Font ResizerAa
lokmatujalalokmatujala
Font ResizerAa
  • Home
  • राज्य
  • राष्ट्रीय
  • अर्न्तराष्ट्रीय
  • धार्मिक
  • मनोरंजन
  • क्राइम
  • राजनीति
  • बिज़नेस
  • Home
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • दिल्ली/एनसीआर
    • हरियाणा
    • पंजाब
    • राजस्थान
    • बिहार
    • मध्यप्रदेश
    • झारखंड
    • हिमाचल प्रदेश
    • महाराष्ट्र
  • राष्ट्रीय
  • अर्न्तराष्ट्रीय
  • धार्मिक
  • मनोरंजन
    • खेल
    • बॉलीवुड
  • क्राइम
  • राजनीति
  • बिज़नेस
Follow US
Home » Blog » Bhagwant Mann ने अंबेडकर जयंती पर विपक्ष पर साधा निशाना, शिक्षा पर जोर
पंजाबराज्य

Bhagwant Mann ने अंबेडकर जयंती पर विपक्ष पर साधा निशाना, शिक्षा पर जोर

lokmatujala
Last updated: April 15, 2026 5:06 pm
By lokmatujala
Share
18 Min Read
SHARE

नई दिल्ली। भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के जन्मदिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कांग्रेस-अकालियों के दशकों लंबे शासन और गरीबों को शिक्षा से दूर करने के बीच संबंधों को उजागर करते हुए कहा कि पिछड़े वर्गों को अनपढ़ रखना एक सोचा-समझा राजनीतिक फैसला था, जिसने दलित युवाओं की पीढ़ियों को कुचल दिया और उनके विकास के लिए दिए गए स्कॉलरशिप फंडों को हड़प लिया।

उन्होंने कहा कि, पिछली सरकारों से बिल्कुल अलग अपनी सरकार के दृष्टिकोण के बारे में बात करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि आम आदमी पार्टी (आप) सरकार बाबा साहेब के सामाजिक न्याय और समानता के दृष्टिकोण को साकार करने के लिए शिक्षा और महिलाओं के वित्तीय सशक्तिकरण को प्राथमिकता देकर पिछड़े वर्गों को उपेक्षित करने की इस सोच को बदल रही है।

पिछड़े वर्गों की कठिनाइयों को दूर करने के प्रयास

आदमपुर में भारत रत्न बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के जन्मदिवस पर आयोजित राज्य स्तरीय समारोह के दौरान सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “आप सरकार भारतीय संविधान के निर्माता बाबा साहेब के सपनों को साकार करने के लिए समाज के कमजोर और पिछड़े वर्गों की कठिनाइयों को दूर करने के लिए अथक प्रयास कर रही है।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “बाबा साहेब एक महान विद्वान, विधिवेत्ता, अर्थशास्त्री, समाज सुधारक और एक राजनेता थे। बाबा साहेब अंबेडकर पूरे विश्व इतिहास में सबसे प्रतिष्ठित शख्सियतों में से एक थे। हालाँकि बाबा साहेब अंबेडकर एक साधारण परिवार से थे, लेकिन उनके बहुमूल्य योगदान ने उन्हें विश्व नेताओं की पंक्ति में ला खड़ा किया है।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “भारतीय संविधान बाबा साहेब अंबेडकर की कड़ी मेहनत, समर्पण और दूरदर्शिता का परिणाम था। बाबा साहेब न केवल कमजोर वर्गों के नेता थे, बल्कि वे पूरी मानवता के नेता थे।”

सभा को बाबा साहेब अंबेडकर द्वारा दिखाए गए मार्ग पर चलने का आह्वान करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “बाबा साहेब अंबेडकर ने हमेशा हर क्षेत्र में लोकतांत्रिक मूल्यों को प्रोत्साहित किया, चाहे वह सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक हो।

उन्होंने सभी के लिए समान प्रतिष्ठा और सम्मान की वकालत की। बाबा साहेब के जीवन और सिद्धांतों के अनुसार चलते हुए राज्य सरकार द्वारा शिक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है और लोगों के जीवन को बदलने के लिए शिक्षा क्षेत्र में क्रांतिकारी पहल की जा रही हैं।”

मुफ्त सुविधा नहीं खत्म कर सकती गरीबी- सीएम मान

मुख्यमंत्री ने कहा, “कोई भी मुफ्त सुविधा या रियायत राज्य में से गरीबी या अन्य सामाजिक बुराइयों को समाप्त नहीं कर सकती, लेकिन शिक्षा ही वह कुंजी है जो लोगों के जीवन स्तर को ऊपर उठाकर उन्हें गरीबी से बाहर निकाल सकती है। पिछली सरकारों के नेताओं ने बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की पीठ में छुरा घोंपने और उनके सपनों को चकनाचूर करने में कोई कसर नहीं छोड़ी।”

एक उदाहरण साझा करते हुए उन्होंने कहा, “पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल का लोगों के प्रति दृष्टिकोण इस तथ्य से प्रकट होता है कि उनके कार्यकाल के दौरान नौवीं कक्षा तक किसी भी विद्यार्थी को स्कूल में फेल नहीं किया जाता था, जिसके परिणामस्वरूप विद्यार्थी अपनी कमजोरियों से अनजान रह गए और बाद में मैट्रिक में फेल हो गए, जिससे उनका पूरा जीवन बर्बाद हो गया।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “गरीब तबके को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के माध्यम से अधिकारी बनाकर सशक्त बनाने के बजाय, बादलों ने यह सुनिश्चित किया कि गरीबों के विद्यार्थी पढ़ाई न करें और केवल आटा-दाल योजना तक ही सीमित रहें।”

उन्होंने आगे कहा, “कमजोर वर्गों की पीढ़ियाँ बादलों द्वारा बनाई गई आटा-दाल योजना के सहारे ही रह गईं।” उन्होंने कहा, “इन नेताओं ने बाबा साहेब अंबेडकर की पीठ में छुरा घोंपा और गरीब तथा आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लोगों को शिक्षा से वंचित कर दिया।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “इन नेताओं के हाथ अनुसूचित जातियों की कई पीढ़ियों के खून से रंगे हुए हैं क्योंकि इन लोगों ने अपने लालच और संकीर्ण हितों के लिए इन लोगों के करियर बर्बाद कर दिए थे।

इन नेताओं ने गरीब विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति के लिए रखे गए पैसे हड़प लिए ताकि वे जीवन में सफल न हो सकें। अमीर घरानों में पैदा हुए इन नेताओं को आम आदमी के सामने आने वाली कठिनाइयों का बिल्कुल भी अहसास नहीं है, जिसे त्योहार के दौरान भी काम करना पड़ता है।”

‘मावां-धीआं सतिकार योजना’ के तहत सहायता

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “आप सरकार ने ‘मावां-धीआं सतिकार योजना’ शुरू की है, जिसके तहत अनुसूचित जातियों से संबंधित महिलाओं को 1,500 रुपये प्रति माह और बाकी महिलाओं को 1,000 रुपये प्रति माह वित्तीय सहायता दी जाएगी।

यह फंड सीधे बैंक खातों में ट्रांसफर किए जाएंगे और पहले से ही सामाजिक सुरक्षा पेंशन प्राप्त कर रही महिलाएं भी इस योजना का लाभ उठा सकती हैं।

इस योजना के तहत पंजाब की 97 प्रतिशत महिलाओं को लाभ होगा और राज्य सरकार द्वारा इस संबंधी बजट में 9,300 करोड़ रुपये रखे गए हैं। इस योजना के लिए पंजीकरण 13 अप्रैल से शुरू हो गया है।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “जो लोग इस योजना की शुरुआत को लेकर पंजाब सरकार का मज़ाक उड़ा रहे हैं या निराधार सवाल उठा रहे हैं, वे आम लोगों के लिए 1000 रुपये की कीमत नहीं जानते। ये लोग जो गैर-कानूनी तरीके से कमाए पैसों से एक बार के भोजन पर 5,000 रुपये से अधिक खर्च कर देते हैं, वे इस पैसे की कद्र नहीं जानते।

यह योजना उन लोगों के लिए एक बड़ी वित्तीय सहायता है जिन्हें त्योहार वाले दिन भी कड़ी मेहनत करनी पड़ती है।” उन्होंने आगे कहा, “इन अमीर नेताओं की पत्नियों को 1000 रुपये की ज़रूरत नहीं है क्योंकि वे अपने श्रृंगार सामग्री की खरीद पर इससे कहीं अधिक पैसे खर्च कर देती हैं।”

महिलाओं की भागीदारी की वकालत

सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक क्षेत्रों में महिलाओं की अधिकतम भागीदारी की वकालत करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “यह अत्यंत आवश्यक है कि लड़कियाँ आगे आएं और शिक्षा के माध्यम से अपने आप को सशक्त बनाएं।

यह देश के लिए अत्यंत आवश्यक है क्योंकि घरों और परिवारों को कुशलतापूर्वक संभालने वाली महिलाओं को भी देश चलाना चाहिए। ‘आप’ सरकार इस नेक कार्य के लिए वचनबद्ध है और इसमें कोई कसर नहीं छोड़ रही है।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “लड़कियों को निर्णय लेने में सक्रिय भागीदार बनने और समाज में अत्यंत आवश्यक बदलाव लाने के लिए आगे आना चाहिए और राजनीति में शामिल होना चाहिए।

हालाँकि आजकल लड़कियाँ हर क्षेत्र में लड़कों को पीछे छोड़ चुकी हैं, लेकिन राजनीति क्षेत्र में लड़कियाँ आज भी पीछे हैं। इस क्षेत्र को अब तक पुरुषों की जागीर माना जाता रहा है, लेकिन अब समय आ गया है जब महिलाओं को इस क्षेत्र में भी सफलता प्राप्त करनी चाहिए।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “इस क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी एक समानतावादी समाज की सृष्टि के लिए और समाज तथा राज्य के व्यापक हित में बहुत महत्वपूर्ण है। यह जमीनी स्तर पर लोकतंत्र के सिद्धांतों को मजबूत करने के साथ-साथ इस क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने में मदद करेगा।

महिलाओं को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वे और उनका परिवार अपने वोट के अधिकार का सावधानीपूर्वक उपयोग करें ताकि उनका वोट सही नेताओं को विधान सभा और संसद में भेज सके।”

शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली और कृषि पर बात हो

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “इस मंच से शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, कृषि और अन्य क्षेत्रों पर बातचीत हो रही है, जबकि दूसरी पार्टियों के मंचों पर सत्ता हथियाने के दावे किए जा रहे हैं। ये अवसरवादी नेता हैरान हैं क्योंकि लोग उन्हें किसी भी प्रकार का समर्थन नहीं दे रहे हैं।

उनका एजेंडा लोगों के बजाय अपने परिवारों की भलाई तक सीमित है। इन लोगों ने लंबे समय तक राज किया था, लेकिन अपनी अक्षमता और कुशासन के कारण लोगों ने ‘आप’ को चुना, जो उनके लिए अथक प्रयास कर रही है।”

उन्होंने कहा, “ये वे गद्दार थे जो कभी भी राज्य और इसके लोगों के प्रति वफादार नहीं रहे। असलियत यह है कि पारंपरिक पार्टियाँ हमसे ईर्ष्या करती हैं क्योंकि ‘आप’ ने आम आदमी की भलाई का एजेंडा तय किया है।”

कांग्रेस नेतृत्व फूट का शिकार

उन्होंने आगे कहा, “कांग्रेस नेतृत्व फूट का शिकार है और इनकी रैलियों में कार्यकर्ताओं के बजाय अधिक नेता मंच पर मौजूद होते हैं। इन कांग्रेसी नेताओं के पास राज्य के लिए कोई दृष्टिकोण नहीं है। उनका एकमात्र उद्देश्य सत्ता संभालकर पंजाब की दौलत को लूटना है, लेकिन उनके सपने कभी भी पूरे नहीं होंगे।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “पहली बार किसानों को धान के सीजन के दौरान आठ घंटे से अधिक बिजली आपूर्ति देने के साथ-साथ दिन में भी 95 प्रतिशत आपूर्ति सुनिश्चित की गई है।

सभी घरेलू उपभोक्ताओं को प्रति माह 300 यूनिट मुफ्त बिजली दी जा रही है। लगभग 90 प्रतिशत घरेलू उपभोक्ताओं को शून्य बिजली बिल मिल रहे हैं। 65 हज़ार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियाँ मिली हैं।”

उन्होंने लोगों से मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना के लिए पंजीकरण कराने की अपील भी की ताकि उन्हें 10 लाख रुपये का कैशलेस इलाज मिल सके।

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “यह करदाताओं का पैसा है और ‘आप’ सरकार इसके एक-एक पैसे का उपयोग बड़े जनहित में कर रही है। पंजाब की राजनीति में यह लंबे समय से नहीं हो रहा था।

ये पार्टियाँ केवल बदल-बदल कर हुकूमत करती थीं और लोगों तथा देश को लूटने के लिए अपनी बारी का इंतजार करती थीं। ‘आप’ सरकार द्वारा किए गए अभूतपूर्व कामों से हैरान अकाली नेता सुखबीर बादल लोगों को चाँद पर ले जाने वाले वादे करने के साथ-साथ राज्य में डायनासोरों की वापसी जैसे निराधार और तर्कहीन बयान दे रहे हैं।”

असलियत उजागर करने पर उगलते हैं जहर

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “इन गैर-जिम्मेदाराना बयानों के आधार पर पूर्व उपमुख्यमंत्री राज्य में सत्ता हासिल करने के सपने देख रहे हैं, जो कभी भी संभव नहीं हो सकता। ये नेता सुबह-सुबह हमारे खिलाफ जहर उगलना शुरू कर देते हैं क्योंकि हमने लोगों के सामने इन नेताओं की असलियत उजागर कर दी है।

अकाली दल का नाम इतना खराब है कि अगर यह किसी पेड़ पर लिखा भी जाए तो वह सूख जाएगा, इसलिए लोगों को इनसे बहुत सावधान रहने की आवश्यकता है।”

मुख्यमंत्री ने कहा, “इन लोगों ने आम आदमी की दौलत और संसाधनों को बेरहमी से लूटा है, जिसके लिए उन्हें कभी भी माफ नहीं किया जाएगा।

इन लोगों ने पंजाब और पंजाबियों को खत्म करने के लिए हमेशा पंजाब विरोधी ताकतों का साथ दिया है, चाहे वह 1919 की बैसाखी की गोलियां हों या नशा, जिसे इन्होंने अपने लंबे कुशासन के दौरान संरक्षण दिया। ‘आप’ सरकार समाज के हर वर्ग की भलाई के लिए कठोर प्रयास कर रही है। हमारी सरकार राज्य के लोगों की भलाई के लिए सरकारी खजाने के एक-एक पैसे का समझदारी से उपयोग कर रही है।”

बैसाखी की बधाई देते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “यह पवित्र त्योहार लोगों को सदियों पुरानी समृद्ध और शानदार सांस्कृतिक विरासत की याद दिलाता है।”

देश के धर्मनिरपेक्ष सामाजिक ताने-बाने को करें मजबूत

उन्होंने आगे कहा, “1699 में इस पावन दिवस पर दसवें गुरु श्री गुरु गोबिंद सिंह जी ने विभिन्न जातियों से संबंधित पांच प्यारों को अमृत छका कर पवित्र शहर श्री आनंदपुर साहिब में खालसा पंथ की स्थापना की थी, जिससे एक समानतावादी समाज की सृष्टि हुई और विश्वव्यापी भाईचारे तथा सद्भावना के अलावा मानवता के लिए प्रेम और दया का प्रचार किया गया।”

उन्होंने आगे कहा, “यह त्योहार फसल कटाई के मौसम की शुरुआत और रबी की फसलों के पकने को भी दर्शाता है।” उन्होंने आगे कहा, “लोगों को हमारे देश के धर्मनिरपेक्ष सामाजिक ताने-बाने को मजबूत करने के लिए इस त्योहार को पारंपरिक उत्साह और खुशी के साथ मनाना चाहिए।”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “यह दिन हर पंजाबी के लिए बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि वे अपने जीवन के हर फैसले के लिए दशमेश पिता और श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी से प्रेरणा लेते हैं।

हालांकि अकालियों ने अपने कार्यकाल के दौरान श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी के जघन्य अपराध के माध्यम से हर पंजाबी की मानसिकता को ठेस पहुंचाई।

कांग्रेस और अकालियों की बदनीयती के कारण इस माफी के लायक अपराध के दोषी सजा से बच गए। अब हमारी सरकार ने ऐतिहासिक ‘जागत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सतिकार (संशोधन) बिल, 2026’ पारित कर दिया है, जिससे बेअदबी के लिए कठोर सजा का प्रावधान किया गया है।”

जनरल डायर को सम्मानित करने का आरोप

उन्होंने कहा, “मजीठिया परिवार, जिसने 13 अप्रैल, 1919 को जलियांवाला बाग नरसंहार के दोषी जनरल डायर को इस जघन्य घटना के बाद रात के खाने की व्यवस्था करके सम्मानित किया था, के एकमात्र प्रतिनिधि ने इस महत्वपूर्ण दिन घर से दूर रहना पसंद किया।

वे घर से दूर रहे क्योंकि वे इस तथ्य से अच्छी तरह वाकिफ थे कि उनका पर्दाफाश होना लाजमी है। इन नेताओं के हाथ निर्दोष लोगों के खून के साथ-साथ श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी से भी रंगे हुए हैं, जिसके लिए इन्हें कभी माफ नहीं किया जा सकता।”

सभा को संबोधित करते हुए वरिष्ठ आप नेता और पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया ने कहा, “मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि इस योजना के लिए पंजीकरण आज शुरू हो गया है।

अगर बाबा साहेब ने संविधान नहीं बनाया होता तो ऐसे समारोह न होते। दिल्ली में हमने बाबा साहेब अंबेडकर और शहीद-ए-आज़म भगत सिंह की तस्वीरें अपनी सरकार के कार्यकाल के दौरान लगाई थीं, लेकिन भाजपा के सत्ता में आते ही उन्हें हटा दिया गया क्योंकि भाजपा इन नेताओं से नफरत करती है।”

उन्होंने आगे कहा, “प्रधान मंत्री मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार बाबा साहेब की पीठ में छुरा घोंपने के लिए निवासियों को वोट डालने के अधिकार से वंचित करने के लिए कठोर प्रयास कर रही है।

नुसूचित जाति का वित्त मंत्री

पंजाब के पास हरपाल चीमा के रूप में पहला अनुसूचित जाति का वित्त मंत्री है क्योंकि शिक्षा और वित्तीय सशक्तिकरण के दोहरे स्तंभ बाबा साहेब की विचारधारा का आधार थे। ‘आप’ सरकार बाबा साहेब अंबेडकर और शहीद-ए-आज़म भगत सिंह की इच्छाओं को साकार करने के लिए कठोर प्रयास कर रही है।”

इस अवसर पर उपस्थित प्रमुख गणमान्य व्यक्तियों में कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा, हरपाल सिंह चीमा, डॉ. बलजीत कौर, हरभजन सिंह ईटीओ और मोहिंदर भगत, वरिष्ठ ‘आप’ नेता मनीष सिसोदिया, लोक सभा सदस्य डॉ. राजकुमार चब्बेवाल, चेयरमैन पंजाब राज्य सहकारी कृषि विकास बैंक पवन कुमार टीनू और अन्य शामिल थे।

Share This Article
Facebook Copy Link Print
Leave a Comment Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Fast Four Quiz: Precision Medicine in Cancer

How much do you know about precision medicine in cancer? Test your knowledge with this quick quiz.
Get Started
राजस्थान सरकार ने रविवार रात को किया बड़ा प्रशासनिक फेरबदल

राजस्थान सरकार ने रविवार रात को बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। सरकार…

जोधपुर से सांसद और केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने बीते दिन शहर बाढ़ प्रभावति इलाकों का किया दौरा

जोधपुर से सांसद और केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने बीते…

भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात को देखते हुए जोधपुर के सभी सरकारी- निजी स्कूलों में छुट्टी के आदेश जारी

राजस्थान के जोधपुर में भारी बारिश से बाढ़ जैसे हालात हो गए…

Your one-stop resource for medical news and education.

Your one-stop resource for medical news and education.
Sign Up for Free

You Might Also Like

पंजाबराज्य

भगवंत मान सरकार के आदेश: 40 PCS और 2 IAS अधिकारियों का नया आवंटन

By lokmatujala
उत्तराखंड

अयोध्या में भगवान श्रीराम को समर्पित उत्तराखंड के शुभवस्त्रम्, मुख्यमंत्री धामी ने कहा- ये हमारे लिए गौरव की बात

By lokmatujala
उत्तराखंड

पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने नेताओं और अधिकारियों को दिया विकास के लिए प्रेरक संदेश

By lokmatujala
उत्तराखंडराज्य

उत्तरांचल प्रेस क्लब शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री धामी का संबोधन

By lokmatujala

संपर्क सूत्र
Name – Mohammad Qasim
Phone No. – 7388521213
Email ID – lokmatujala@gmail.com
Address – 89/148-C Dalel Purwa
(Near Bansmandi Police Chowki)
Kanpur- 208001

Company
  • Privacy Policy
  • About Us
  • Contact Us
  • Disclaimer
हरियाणा CMO में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, विभागों का नया बंटवारा जारी
April 17, 2026
हरियाणा सरकार का फैसला: कर्मचारियों को ब्याज मुक्त गेहूं अग्रिम सुविधा
April 17, 2026

Copyright © 2025 लोकमत उजाला. All Rights Reserved. designed by Sorit Chaudhary

Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?