यूपी के मथुरा के वृंदावन स्थित ठाकुर बांके बिहारी मंदिर परिसर में शनिवार सुबह निजी सुरक्षाकर्मियों और श्रद्धालुओं के बीच मारपीट हो गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था और सुरक्षाकर्मियों के व्यवहार पर सवाल उठने लगे हैं। हालांकि वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की जाती है।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में निजी सुरक्षाकर्मी एक महिला श्रद्धालु और युवक से उलझते नजर आ रहे हैं। मंदिर में प्रतिदिन देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। भीड़ नियंत्रण और दर्शन व्यवस्था संभालने के लिए निजी सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। ऐसे में मारपीट की घटना से श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
मंदिर के सुरक्षा प्रभारी अशोक कौशिक ने बताया कि दर्शन के दौरान सुरक्षाकर्मियों ने कानपुर के श्रद्धालुओं को कतार में आगे बढ़ने के लिए कहा था। इसी बात पर कहासुनी हुई, जो मारपीट में बदल गई। उन्होंने बताया कि घटना के बाद दोनों पक्षों को समझाकर आपसी समझौता करा दिया गया था। हालांकि घटना के संबंध में लोगों का कहना है कि लगातार इस तरह की घटनाएं होने से मंदिर की प्रतिष्ठा पर भी असर पड़ रहा है। इस पर ठोस कदम उठाने की जरूरत है।
बांके बिहारी मंदिर पर श्रद्धालु की बिगड़ी तबीयत
इससे पहले बीते महीने ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में दर्शनार्थ आए एक श्रद्धालु की तबीयत बिगड़ने पर उपचार के लिए एंबुलेंस न मिलने से नाराज परिजनों ने हंगामा कर दिया था। इधर, श्रद्धालु को प्राथमिक उपचार मिलने के बाद परिजन अपने साथ ले गए।
26 सितंबर की सुबह बिहार के सिवान जिले के रहने वाले दिनेश महतो अपने परिजनों के साथ बिहारी जी मंदिर दर्शन के लिए आए थे। मंदिर के गेट नंबर चार निकास द्वार से बाहर निकलने के बाद दिनेश महतो को कुछ घबराहट और सीने में दर्द महसूस हुआ। अचानक तबियत बिगड़ने से घबराए परिजन स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें राधा स्नेह बिहारी के समीप खड़ी एंबुलेंस तक लेकर पहुंचे लेकिन एंबुलेंस पर चालक मौजूद नहीं था।
दिनेश महतो के परिजनों ने एंबुलेंस पर लिखे नंबर पर फोन किया तो चालक ने दो घंटे बाद आने के लिए कहा। इधर दिनेश दर्द से कराह रहे थे। जिससे परिजनों का गुस्सा बढ़ता गया। उन्होंने मौके पर हंगामा कर दिया। इस घटना का भी वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था। इधर हालत बिगड़ने पर दिनेश महतो को करीब आधा घंटे बाद ई-रिक्शा से रामकिशन मिशन अस्पताल पहुंचाया गया। जहां इमरजेंसी यूनिट में मरीज को आवश्यक उपचार दिया गया।
