देहरादून। 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने सोमवार को परेड ग्राउंड देहरादून में आयोजित राज्य स्तरीय समारोह में राष्ट्रीय ध्वज फहराया और भव्य परेड की सलामी ली।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी उपस्थित रहे। राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट सेवाओं के लिए पुलिस अधिकारियों सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों को सम्मानित किया।
परेड ग्राउंड में आयोजित कार्यक्रम में सूचना विभाग की ‘‘उत्तराखण्ड रजत जयंती एवं शीतकालीन धार्मिक यात्रा व पर्यटन’’ विषयक झांकी को प्रथम पुरस्कार, संस्कृत शिक्षा विभाग को द्वितीय तथा विद्यालयी शिक्षा विभाग की झांकी को तृतीय स्थान प्राप्त हुआ।
वहीं परेड करने वाली टुकड़ियों में सीआरपीएफ ने प्रथम, आईटीबीपी ने द्वितीय और 14वीं डोगरा रेजीमेंट आर्मी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
समारोह में 14वीं डोगरा रेजीमेंट, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, हिमाचल पुलिस, पीएसी, महिला पीएसी, होमगार्ड्स, पीआरडी, एनसीसी बॉयज एवं गर्ल्स, अश्व दल, पुलिस संचार, अग्निशमन सहित विभिन्न टुकड़ियों ने आकर्षक परेड में प्रतिभाग किया।
राज्य के लोक कलाकारों द्वारा छोलिया नृत्य, गढ़वाली नृत्य और पाइप बैंड की प्रस्तुतियों ने समारोह को सांस्कृतिक रंग प्रदान किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने लोकतंत्र सेनानियों, शहीद राज्य आंदोलनकारियों के परिजनों एवं राज्य आंदोलनकारियों को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर राज्यपाल ने लोक भवन में भी राष्ट्रीय ध्वज फहराकर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं। मीडिया से बातचीत में उन्होंने संविधान निर्माताओं, स्वतंत्रता सेनानियों और सशस्त्र बलों को नमन करते हुए ‘विकसित भारत 2047’ के संकल्प को साकार करने में सभी नागरिकों की सहभागिता पर बल दिया।
राज्यपाल ने आधुनिक तकनीक एवं आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के सकारात्मक उपयोग को राष्ट्र निर्माण के लिए आवश्यक बताते हुए उत्तराखण्ड की नारी शक्ति और युवाओं के नवाचारों की सराहना की तथा ‘राष्ट्र सर्वोपरि’ की भावना के साथ एकता और अखंडता बनाए रखने का आह्वान किया।
इस अवसर पर पूर्व राज्यपाल एवं पूर्व मुख्यमंत्री भगत सिंह कोश्यारी, पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’, मुख्यमंत्री की धर्मपत्नी गीता धामी, कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, सांसद नरेश बंसल व महेन्द्र भट्ट, विधायक खजान दास, मेयर देहरादून सौरभ थपलियाल, मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन, पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ सहित अनेक जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ अधिकारी एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
