चंडीगढ़ | पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने जनसेवा और विकास के अपने सफल चार वर्ष पूरे कर लिए हैं। इस ऐतिहासिक अवसर पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने घोषणा की कि उनकी सरकार ने ‘काम की राजनीति’ के माध्यम से जनता को दी गई सभी गारंटियां पूरी कर दी हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि पारंपरिक दलों—कांग्रेस, अकाली दल और भाजपा—की वादाखिलाफी से तंग आकर पंजाब के लोगों ने जिस उम्मीद के साथ हमें चुना था, हमने उस विश्वास को टूटने नहीं दिया। शहीद-ए-आजम भगत सिंह के पैतृक गांव में पदभार संभालने के बाद से ही सरकार ने लोक-हितैषी फैसलों की झड़ी लगा दी है।
“पंजाब सरकार ने चार सालों में सभी वादे पूरे करके राजनीति में नई परंपरा कायम की है, जबकि पारंपरिक पार्टियां पांच सालों में भी ऐसा करने में सक्षम नहीं हैं। मेरे साथ, लाखों पंजाबियों ने राज्य की पुरानी शान बहाल करने की शपथ ली थी और आज हम उस रास्ते पर सफलता से बढ़ रहे हैं। आने वाला साल पंजाब को विकास और खुशहाली के नए शिखर पर ले जाएगा।” – मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
शिक्षा क्रांति: देश में नंबर वन बने पंजाब के सरकारी स्कूल
शिक्षा के क्षेत्र में हुए सुधारों पर मुख्यमंत्री ने बताया कि भारत सरकार के सर्वेक्षण के अनुसार पंजाब के सरकारी स्कूल अब पढ़ाई में देश में पहले स्थान पर हैं। राज्य के स्कूलों में डिजिटल क्रांति के तहत 9,000 से अधिक स्मार्ट क्लासरूम और 5,000 कंप्यूटर लैब खोले गए हैं। बुनियादी ढांचे को मजबूती देते हुए 1 लाख से अधिक डेस्क प्रदान किए गए हैं ताकि किसी बच्चे को फर्श पर न बैठना पड़े।
अध्यापकों के सम्मान को लेकर मान सरकार ने ऐतिहासिक कदम उठाए हैं। 15,000 से अधिक नए शिक्षकों की भर्ती के साथ-साथ पहली बार ठेके पर रखे शिक्षकों को नियमित किया गया है। विश्व स्तरीय प्रशिक्षण के लिए प्रिंसिपलों को फिनलैंड, सिंगापुर और IIM अहमदाबाद भेजा गया। इस निवेश का परिणाम यह रहा कि साल 2026 में सरकारी स्कूलों के 305 विद्यार्थियों ने JEE मेन्स और 845 ने NEET जैसी कठिन परीक्षाएं उत्तीर्ण कीं। सरकार का लक्ष्य युवाओं को ‘जॉब क्रिएटर’ बनाना है, जिसके लिए 1.5 लाख कॉलेज विद्यार्थियों को उद्यमिता सिखाई जा रही है।
स्वास्थ्य क्रांति: 10 लाख तक का मुफ्त इलाज और मोहल्ला क्लीनिकों का जाल
स्वास्थ्य के क्षेत्र में ‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना’ पंजाब के हर परिवार के लिए वरदान साबित हुई है, जिसके तहत बड़े प्राइवेट अस्पतालों में 10 लाख रुपए तक का कैशलेस इलाज उपलब्ध है। मुख्यमंत्री ने इसे दुनिया की सबसे बड़ी स्वास्थ्य योजना करार दिया। जहां पिछली सरकारों ने 75 वर्षों में मात्र 400 क्लीनिक बनाए थे, वहीं ‘आप’ सरकार ने केवल 4 वर्षों में 881 ‘आम आदमी क्लीनिक’ खोल दिए हैं, जिनकी OPD में अब तक 5 करोड़ से अधिक लोग इलाज करा चुके हैं।
सरकार ने रिकॉर्ड 1,575 डॉक्टरों की भर्ती की है। इसके साथ ही ‘फरिश्ते’ योजना के तहत दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने वालों को 2,000 रुपए की सम्मान राशि दी जाती है; इस योजना से अब तक 1,700 से अधिक घायलों को मुफ्त इलाज मिला है। स्वास्थ्य को बढ़ावा देने के लिए ‘सीएम दी योगशाला’ के माध्यम से 2 लाख लोग रोजाना मुफ्त योग कर रहे हैं। चिकित्सा शिक्षा को विस्तार देते हुए संगरूर, होशियारपुर और मलेरकोटला समेत 7 नए मेडिकल कॉलेज बनाए जा रहे हैं, जिससे MBBS की 600 नई सीटें मिलेंगी।
बिजली सुधार: 90% घरों का जीरो बिल और मुनाफे में PSPCL
बिजली के क्षेत्र में राहत देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि पंजाब के 90 प्रतिशत घरों को अब जीरो बिजली बिल आता है। घरेलू उपभोक्ताओं के लिए प्रति यूनिट 1.5 रुपए, वाणिज्यिक के लिए 79 पैसे और उद्योगों के लिए 74 पैसे की कटौती की गई है। सरकार ने 540 मेगावाट का GVK प्राइवेट पावर प्लांट खरीदकर बिजली लागत कम की है। PSPCL, जो पहले घाटे में था, अब लगातार तीन साल से मुनाफे में है और उसे भारत सरकार से A+ रेटिंग मिली है। पछवाड़ा कोयला खदान से सस्ते कोयले की आपूर्ति कर 1,000 करोड़ रुपए की बचत की गई है। ‘रोशन पंजाब’ पहल के तहत ट्रांसमिशन नेटवर्क को मजबूत करने हेतु 5,000 करोड़ रुपए का निवेश किया जा रहा है।
कृषि और ग्रामीण विकास: किसानों को सर्वोच्च प्राथमिकता
भगवंत मान सरकार ने पंजाब के इतिहास में पहली बार किसानों को सिंचाई के लिए दिन में 8 घंटे निर्बाध बिजली दी है। 18,349 बंद पड़े खाले (जल मार्ग) बहाल किए गए हैं, जिससे नहरी पानी की उपलब्धता 26% से बढ़कर 78% हो गई है। 1,365 गाँवों तक पहली बार नहरी पानी पहुँचा है। गन्ने के लिए 416 रुपए प्रति क्विंटल और फसलों के नुकसान पर 20,000 रुपए प्रति एकड़ का मुआवजा दिया जा रहा है, जो देश में सबसे अधिक है।
ग्रामीण विकास के तहत 76,000 परिवारों को घर बनाने हेतु सहायता दी गई है। 40,000 किलोमीटर लिंक सड़कों का 5 साल की गारंटी के साथ नवीनीकरण किया जा रहा है। इसके अलावा 13,414 गाँवों के तालाबों की सफाई की गई और मनरेगा के तहत 2.3 करोड़ कार्य दिवस पैदा कर 9 लाख मजदूरों को रोजगार दिया गया।
महिला सशक्तिकरण और युवाओं को रोजगार
मुख्यमंत्री ने ‘मुख्यमंत्री मावां-धियां सत्कार योजना’ के तहत महिलाओं को 1,000 रुपए और अनुसूचित जाति की महिलाओं को 1,500 रुपए मासिक सहायता की घोषणा की है। सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा का लाभ अब तक 14.5 करोड़ बार लिया जा चुका है। रोजगार के मोर्चे पर 65,000 सरकारी नौकरियां बिना किसी सिफारिश के सिर्फ मेरिट पर दी गई हैं। औद्योगिक निवेश से 5.5 लाख निजी रोजगार के अवसर सृजित हुए हैं।
नशा मुक्त पंजाब और सड़क सुरक्षा की मिसाल
‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ अभियान के तहत 92,264 व्यक्तियों की गिरफ्तारी और 760 करोड़ रुपए की संपत्ति जब्त की गई है। 1.5 लाख सदस्यों वाली विलेज डिफेंस कमेटियां सरकार की ‘आंख-कान’ बनी हैं। नशा छुड़ाने वाले केंद्रों में बेडों की संख्या 1,455 से बढ़ाकर 5,255 की गई है।
सड़क सुरक्षा फोर्स (SSF) के गठन से दुर्घटनाओं में मौतों की दर 50.12% घटी है और 47,000 लोगों की जान बचाई गई है। गैंगस्टरों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 14,722 अपराधियों को पकड़ा गया और 76 आतंकवादी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया गया।
“भाजपा का 15 लाख रुपए देने का वादा जुमला निकला, लेकिन हमने महिलाओं और जनता से किए हर वादे को पूरा करके दिखाया है। भाजपा को याद रखना चाहिए कि पंजाब में नफरत के बीज कभी नहीं उगेंगे। हमें ‘डबल इंजन’ की जरूरत नहीं है, हमारा एक ही इंजन सार्थक परिणाम दे रहा है।” – मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
वित्तीय प्रबंधन और औद्योगिक निवेश
आबकारी नीति से सरकार को 53,122 करोड़ रुपए की आय होने की संभावना है, जो पिछली सरकार से लगभग दोगुनी है। रिकॉर्ड 1.55 लाख करोड़ रुपए का औद्योगिक निवेश पंजाब में आया है। ‘राइट टू बिजनेस एक्ट’ के तहत अब नई फैक्ट्रियों की मंजूरी महज 5 से 18 दिनों में मिल रही है। मुख्यमंत्री ने गर्व से बताया कि टाटा स्टील 20 मार्च से अपना निवेश कार्य शुरू करेगी, जो जमशेदपुर के बाहर उनका सबसे बड़ा प्रोजेक्ट होगा।
विरासत और पर्यटन का सम्मान
मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत 9,300 वरिष्ठ नागरिक हर सप्ताह मुफ्त दर्शन कर रहे हैं। खुरालगढ़ और अमृतसर जैसे धार्मिक स्थलों का विकास किया जा रहा है। सरकार ने शहीदों के परिवारों के लिए सम्मान राशि 50 लाख से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपए कर दी है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भविष्य की योजनाओं पर बात करते हुए कहा कि पंजाब एशिया कप हॉकी की मेजबानी करेगा और जालंधर व अमृतसर में अत्याधुनिक स्टेडियम बनाए जाएंगे। उन्होंने विरोधियों को चेतावनी दी कि केंद्र सरकार द्वारा रोके गए NHM और RDF फंड पंजाब का हक हैं और वे इस अन्याय के खिलाफ लड़ते रहेंगे। अंत में उन्होंने दोहराया कि यह सरकार ‘पंजाब बचाने’ के लिए फिक्रमंद है और भ्रष्टाचार व बेरोजगारी के खिलाफ यह जंग जारी रहेगी।
