सितारगंज। तंबाकू के बढ़ते उपयोग को रोकने और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सितारगंज ब्लॉक कार्यालय में जिला स्तरीय तंबाकू मुक्त गांव (TFV) कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का आयोजन बालाजी सेवा संस्थान द्वारा किया गया, जिसका उद्देश्य स्थानीय जनप्रतिनिधियों और स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को तंबाकू नियंत्रण अभियान को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाने के लिए प्रशिक्षित और सशक्त बनाना था।
कार्यशाला में समुदाय के महत्वपूर्ण प्रतिनिधियों ने भागीदारी की, जिनमें ग्राम प्रधान, पंचायती राज संस्थाओं के सदस्य, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (CHO) और आशा कार्यकर्ता शामिल रहे। कार्यक्रम में ग्रामीण क्षेत्रों को तंबाकू मुक्त बनाने के लिए स्थानीय स्तर पर योजनाओं के क्रियान्वयन और निगरानी पर विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यशाला के दौरान प्रतिभागियों को तंबाकू नियंत्रण से जुड़े कानूनी प्रावधानों, स्वास्थ्य प्रभावों और प्रभावी रणनीतियों की जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने बताया कि स्थायी स्वास्थ्य सुधार के लिए समुदाय की भागीदारी सबसे महत्वपूर्ण है।
ग्राम प्रधानों और पंचायती राज प्रतिनिधियों को सार्वजनिक स्थानों पर तंबाकू सेवन रोकने, जागरूकता अभियान चलाने और गांवों में तंबाकू मुक्त वातावरण तैयार करने के लिए स्थानीय प्रशासनिक व्यवस्थाओं का उपयोग करने के बारे में प्रशिक्षित किया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों और आशा कार्यकर्ताओं को तंबाकू सेवन से होने वाले गंभीर स्वास्थ्य नुकसान, मुंह के कैंसर सहित अन्य बीमारियों के शुरुआती लक्षणों की पहचान और ग्रामीणों को प्रभावी परामर्श देने की जानकारी दी गई।
कार्यशाला में ग्रामीण स्वास्थ्य कर्मियों और ग्राम पंचायतों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा गांवों में तंबाकू मुक्त स्थिति को बनाए रखने के लिए एक संयुक्त कार्ययोजना तैयार करने पर चर्चा की गई।
बालाजी सेवा संस्थान ने कहा कि तंबाकू नियंत्रण अभियान को सफल बनाने में स्थानीय जनप्रतिनिधियों और स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं की भूमिका सबसे अहम है। ग्राम प्रधानों की प्रशासनिक क्षमता और स्वास्थ्य कर्मियों की जागरूकता को जोड़कर तंबाकू की समस्या से प्रभावी ढंग से निपटा जा सकता है।
यह जिला स्तरीय कार्यशाला उधम सिंह नगर जिले में स्वस्थ, सुरक्षित और तंबाकू मुक्त ग्रामीण समुदायों के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगी। इसके माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में तंबाकू के दुष्प्रभावों को लेकर जागरूकता बढ़ाने और इसके उपयोग को कम करने के प्रयासों को गति मिलेगी।
बालाजी सेवा संस्थान एक गैर-सरकारी संगठन (NGO) है, जो सार्वजनिक स्वास्थ्य, ग्रामीण विकास और समाज कल्याण के क्षेत्र में कार्यरत है। संस्था स्थानीय प्रशासन और समुदायों के साथ मिलकर जमीनी स्तर पर सकारात्मक बदलाव लाने के लिए विभिन्न सामाजिक अभियानों का संचालन करती है।
