
पंजाब में गुरुवार से मानसून पूरी तरह सक्रिय होने जा रहा है। मौसम विभाग ने राज्य के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है। सुबह लुधियाना में हुई तेज बारिश से लोगों को उमस और भीषण गर्मी से राहत मिली। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले दो दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है, जिससे तापमान में उल्लेखनीय गिरावट आने की उम्मीद है। भारतीय मौसम विभाग ने पंजाब के 12 जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इनमें पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, कपूरथला, होशियारपुर, जालंधर, नवांशहर, लुधियाना, रूपनगर, मोहाली, फतेहगढ़ साहिब और पटियाला शामिल हैं। इन जिलों में कहीं-कहीं तेज बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवाएं चलने की भी संभावना है।
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें। निचले इलाकों में जलभराव, यातायात प्रभावित होने और तेज बारिश के कारण स्थानीय स्तर पर परेशानी बढ़ सकती है। प्रशासन को भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। बुधवार को पंजाब के अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क बना रहा, जिसके कारण अधिकतम तापमान में करीब एक डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। फरीदकोट राज्य का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 38.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। हालांकि न्यूनतम तापमान में 1.7 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज होने से सुबह और रात के समय हल्की राहत महसूस की गई।
अमृतसर में सबसे कम न्यूनतम तापमान 23.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं लुधियाना का अधिकतम तापमान 34.5 डिग्री, पटियाला का 35.5 डिग्री, पठानकोट का 32.5 डिग्री और बठिंडा का 35.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। न्यूनतम तापमान की बात करें तो लुधियाना में 26.4 डिग्री, पटियाला में 26.2 डिग्री, बठिंडा में 28.0 डिग्री और होशियारपुर में 25.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि मानसून के सक्रिय होने के बाद राज्य के अधिकांश हिस्सों में लगातार बारिश देखने को मिल सकती है। इससे एक ओर लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिलेगी, वहीं दूसरी ओर भारी बारिश वाले इलाकों में जलभराव, फसलों पर असर और दैनिक जीवन प्रभावित होने की आशंका भी बनी रहेगी। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग द्वारा जारी अपडेट पर लगातार नजर रखने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
