हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने के लिए निजी सेवा (प्राइवेट प्रैक्टिस) नहीं देने वाले विशेषज्ञ चिकित्सकों को सरकार की ओर से विशेष भत्ता दिया जाएगा। उन्होंने गुरूवार शाम स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार राज्य के भीतर मरीजों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को जारी एक बयान में कहा, “स्वास्थ्य क्षेत्र के आधुनिकीकरण के लिए धन की कोई कमी नहीं है।” मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया कि सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को वहां की आबादी के आधार पर श्रेणियों में बांटा जाए ताकि वास्तविक जरूरतों के अनुसार कर्मचारियों और बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार को लेकर सरकार ने चिकित्सकों के साथ कई दौर की चर्चा की है। सुक्खू ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर करने के लिए निजी सेवा नहीं देने वाले विशेषज्ञ चिकित्सकों को विशेष भत्ता (नॉन प्रैक्टिसिंग भत्ता) दिया जाएगा।
विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों का दौरा करेंगे CM सुक्खू
बयान के अनुसार, सुक्खू स्वयं विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों का दौरा करेंगे और चिकित्सकों से बातचीत कर इस क्षेत्र में आगे सुधार के लिए भविष्य की कार्ययोजना तैयार करेंगे। उन्होंने कहा कि जिन जिलों में मेडिकल कॉलेज नहीं हैं, वहां मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए जोनल व क्षेत्रीय अस्पतालों की सुविधाओं को उन्नत किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि चिकित्सकों, पैरामेडिकल स्टाफ और तकनीशियनों की कमी को दूर करने के लिए भर्ती की जा रही है।
