भीमताल, नैनीताल। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद नैनीताल के भीमताल में आयोजित झील सौंदर्यीकरण अभियान में प्रतिभाग करते हुए बोगनबेलिया के पौधों का रोपण किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों को विश्व पर्यावरण दिवस की शुभकामनाएं देते हुए पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन के लिए सामूहिक प्रयासों का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की संस्कृति, परंपराएं और जीवन शैली प्रकृति से गहराई से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने कहा कि प्रकृति संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है। उन्होंने लोगों से मानसून के दौरान अधिक से अधिक पौधारोपण करने, जल स्रोतों के संरक्षण, नदियों और सार्वजनिक स्थलों की स्वच्छता बनाए रखने तथा प्लास्टिक के उपयोग को कम करने की अपील की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नैनीताल जनपद अपनी झीलों के कारण देश-विदेश में प्रसिद्ध है और झीलों का संरक्षण एवं संवर्धन राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसी उद्देश्य से भीमताल झील के किनारे बोगनबेलिया के पौधे लगाए जा रहे हैं, जिससे झील क्षेत्र का सौंदर्य बढ़ेगा और पर्यावरण संरक्षण को भी बल मिलेगा। उन्होंने इस पहल को एक अभिनव प्रयास बताते हुए इसकी सराहना की।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत मुख्यमंत्री ने अपनी माता श्रीमती बिसना देवी के नाम पर बोगनबेलिया का पौधा रोपित किया। इस दौरान प्रदेश के शहरी विकास, पर्यावरण संरक्षण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री राम सिंह कैड़ा ने भी अपनी स्वर्गीय माता श्रीमती रेवती देवी की स्मृति में पौधा लगाया।
कार्यक्रम में कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, मुख्य वन संरक्षक तेजस्विनी अरविंद पाटील, मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पाण्डे तथा वन संरक्षक नितीश मणि त्रिपाठी सहित कई अधिकारियों ने अपनी माताओं के नाम पर पौधारोपण कर अभियान में सहभागिता की।
इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप सिंह बिष्ट, प्रभागीय वनाधिकारी आकाश गंगवार, आईटीबीपी की 34वीं बटालियन के कमांडेंट हेमंत कुमार, जिला विकास अधिकारी गोपाल गिरी, मुख्य उद्यान अधिकारी प्रेमा राणा, एपीडी चंद्रा फर्त्याल सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, प्रकृति प्रेमी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
