Bhagwant Mann ने केंद्र सरकार पर खाड़ी युद्ध की आड़ में अपनी विदेश और आर्थिक नीतियों की नाकामियों को छुपाने का आरोप लगाया है। मंगलवार को संगरूर में हाई-टेंशन तारों को भूमिगत करने की परियोजना के उद्घाटन के दौरान पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि Narendra Modi के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार देश को जानबूझकर “अघोषित लॉकडाउन” की स्थिति की ओर धकेल रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दुनिया के कई देश वैश्विक संकट और युद्ध की परिस्थितियों से प्रभावित हैं, लेकिन भारत के अलावा किसी भी देश ने अपने नागरिकों से पेट्रोल, डीजल, एलपीजी और सोना खरीदने में संयम बरतने जैसी अपील नहीं की है। उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि लोगों में डर और असमंजस पैदा करने के बजाय देश को तेल, एलपीजी और सोने के वास्तविक भंडारों की स्थिति के बारे में स्पष्ट जानकारी दी जाए।
भगवंत मान ने प्रधानमंत्री मोदी की विदेश नीति पर निशाना साधते हुए कहा कि जो नेतृत्व कभी भारत को “विश्व गुरु” बनाने का दावा करता था, उसने अब देश को “विश्व चेला” बनाकर रख दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री के विदेशी दौरों का फायदा आम जनता को नहीं, बल्कि उनके करीबी उद्योगपतियों को हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री लगातार विदेशी यात्राएं करते हैं, लेकिन देश को यह कभी नहीं बताया गया कि इन दौरों से भारत को वास्तविक तौर पर क्या हासिल हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री अपने कारोबारी मित्रों को विदेशी दौरों पर साथ ले जाते हैं और उनके लिए व्यापारिक समझौते सुनिश्चित करते हैं।
विदेश और आर्थिक नीतियों पर हमला बोलते हुए भगवंत मान ने कहा कि केंद्र सरकार दोनों मोर्चों पर पूरी तरह विफल रही है, जिसके कारण देश में बेचैनी और अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि युद्ध इज़राइल और ईरान के बीच चल रहा है, लेकिन उसका प्रभाव जानबूझकर भारत के लोगों पर डाला जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि आने वाले दिनों में तेल की कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है, जिससे आम लोगों की परेशानियां बढ़ेंगी। उन्होंने केंद्र सरकार पर जनविरोधी मानसिकता अपनाने का आरोप लगाया।
पंजाब भाजपा नेतृत्व पर टिप्पणी करते हुए भगवंत मान ने कहा कि राज्य के भाजपा नेता जमीनी हकीकत से पूरी तरह कटे हुए हैं और केवल पार्टी हाईकमान के निर्देशों को दोहराने का काम कर रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने हाल ही में केंद्रीय कृषि मंत्री के समक्ष डीएपी खाद की उपलब्धता का मुद्दा उठाया था और पंजाब की जरूरतें पूरी करने का आश्वासन मिला है।
केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग के आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि Enforcement Directorate, Central Bureau of Investigation और आयकर विभाग जैसी एजेंसियों का इस्तेमाल भाजपा राजनीतिक विरोधियों पर दबाव बनाने के लिए कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन एजेंसियों को भाजपा के राजनीतिक विंग की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है।
