पंजाब के मुख्यमंत्री Bhagwant Mann ने सोमवार को संगरूर में राज्य भर में जमीनी स्तर पर पुलिसिंग को मजबूत करने के उद्देश्य से 508 इमरजेंसी रिस्पॉन्स वाहनों (ईआरवी) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार अब अमेरिका और यूरोप जैसे विकसित देशों की तर्ज पर महज छह मिनट के भीतर पुलिस सहायता उपलब्ध कराने की दिशा में काम कर रही है।
अत्याधुनिक तकनीक से लैस ये वाहन Dial 112 सेवा के तहत राज्य के सभी 28 पुलिस जिलों में तैनात किए जाएंगे। इनका उद्देश्य आपातकालीन परिस्थितियों में लोगों तक तुरंत पुलिस सहायता पहुंचाना है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले चार वर्षों में पुलिस वाहनों के आधुनिकीकरण के लिए करीब 327.70 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है। इससे पुलिस बल को आधुनिक संसाधन मिले हैं और राज्य में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिली है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार नशा तस्करी के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है। सरकार के अनुसार, नशे से जुड़े मामलों में सजा दर 87 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है, जो देश के अन्य राज्यों की तुलना में अधिक बताई जा रही है।
संगरूर में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब से नशे के खतरे को खत्म करने के लिए नशा तस्करों का सामाजिक बहिष्कार जरूरी है। उन्होंने कहा कि जो लोग पीढ़ियों को बर्बाद करने में लगे हैं, उनके खिलाफ सख्त कदम उठाने की जरूरत है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि पंजाब पुलिस सीमा पार से होने वाली नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है और अवैध नेटवर्क को तोड़ने के लिए बड़े तस्करों को गिरफ्तार किया जा रहा है।
उन्होंने प्रशासनिक सुधारों का जिक्र करते हुए बताया कि पहली बार पुलिस व्यवस्था को जमीनी स्तर तक मजबूत किया गया है। अब वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ थानों के एसएचओ स्तर तक भी पुलिस वाहनों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी राज्य में निवेश का स्तर वहां की कानून-व्यवस्था को दर्शाता है। उन्होंने दावा किया कि बेहतर सुरक्षा माहौल के कारण Tata Steel ने पंजाब में अपने दूसरे सबसे बड़े प्लांट के लिए निवेश करने का निर्णय लिया है। उनके अनुसार, पंजाब धीरे-धीरे देश के सुरक्षित राज्यों में शामिल हो रहा है।
