शिमला। शिक्षा क्षेत्र में गुणात्मक सुधार के लिए हिमाचल प्रदेश सरकार ने एक और बड़ा निर्णय लिया है। सरकार 100 और सरकारी स्कूलों का बोर्ड बदलेगी। इन स्कूलों को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) से संबंद्ध किया जाएगा। इन स्कूलों में विद्यार्थियों को पढ़ाने के लिए करीब 4 हजार शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी।
सीबीएसई से संबंद्ध सरकारी स्कूलों में शिक्षक नियुक्ति के लिए बनाई गई योजना के तहत ही इन शिक्षकों की नियुक्ति होगी। इन्हें 30 हजार मासिक मानदेय दिया जाएगा। जो शैक्षणिक सत्र में केवल 10 महीने में मिलेगा।
विभाग ने शुरू किया होमवर्क
राज्य सरकार की मंजूरी के बाद शिक्षा विभाग ने इस पर होमवर्क शुरू कर दिया है। विभाग ने इसका कैबिनेट नोट तैयार कर दिया है। 10 अक्टूबर को होने वाली राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में संभवत: इसे मंजूरी मिल जाएगी। मंत्री व विधायक भी चाहते हैं कि उनके विस क्षेत्रों में ज्यादा से ज्यादा स्कूल सीबीएसई से संबंद्ध हो। सरकार केवल शिक्षा में गुणात्मक सुधार को लेकर आगे बढ़ रही है।
अभी 158 स्कूल किए सीबीएसई से संबंद्ध
हिमाचल में अभी 151 स्कूल सीबीएसई से संबंद्ध हो चुके हैं। इनमें सीबीएसई का पाठ्यक्रम ही पढ़ाया जा रहा है। जबकि सात स्कूलों की प्रक्रिया चली हुई है। अब दूसरे चरण में इसमें सौ और स्कूलों को जोड़ा जा रहा है। इन स्कूलों में सीबीएसई के अनुरूप पढ़ाई, पाठ्यक्रम और अन्य शैक्षणिक व्यवस्थाएं विकसित की जाएंगी। इससे सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को केंद्रीय बोर्ड की शिक्षा व्यवस्था का लाभ मिल सकेगा।
एक सरकार में सबसे ज्यादा शिक्षक भर्ती
राज्य सरकार ने शिक्षक भर्ती पर सबसे ज्यादा फोकस किया है। कांग्रेस सरकार अभी तक दस हजार शिक्षकों की भर्ती कर चुकी है। अब चार हजार और शिक्षक भर्ती किए जाएंगे। किसी एक सरकार में एक विभाग में यह सबसे ज्यादा भर्ती है। सीबीएसई से स्कूल संबंद्ध होने से विद्यार्थियों की संख्या भी बढ़ रही है।
