पंचकूला: गणतंत्र दिवस पर हरियाणा के राज्यपाल प्रोफेसर असीम कुमार घोष ने सेक्टर 5 स्थित परेड ग्राउंड में आयोजित समारोह में राष्ट्रीय ध्वज फहराया और परेड का निरीक्षण कर मार्च पास्ट की सलामी ली. इस अवसर पर राज्यपाल की धर्मपत्नी मित्रा घोष भी उपस्थित रही. राज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि “स्वतंत्रता के बाद भारत ने दुनिया में एक मजबूत देश के रूप में पहचान बनाई है. इसमें नेताओं, किसान-मजदूरों, कारीगरों और वैज्ञानिकों का बड़ा योगदान है, जिन्होंने दिन-रात मेहनत कर देश को आगे बढ़ाया. कहा कि देश की प्रगति में हरियाणा का अहम योगदान है.”
प्रदेशवासियों को बधाई और शहीदों को नमन: प्रदेशवासियों और जिला वासियों को गणतंत्र दिवस के पावन पर्व की बधाई और शुभकामनाएं देते हुए प्रोफेसर असीम कुमार घोष ने कहा कि वो आज उन स्वतंत्रता सेनानियों और शहीदों को नमन करते हैं, जिनके बलिदान से ये गौरवपूर्ण दिन मिला है. उन्होंने कहा कि “आज ही के दिन संविधान लागू हुआ था, जिससे हमें न्याय, स्वतंत्रता, समानता के मौलिक अधिकार दिए और भारत विश्व का सबसे बड़ा स्वतंत्र लोकतांत्रिक गणराज्य बना.” उन्होंने कहा कि वो आज इस अवसर पर संविधान निर्माता बाबा साहेब डॉक्टर भीमराव अंबेडकर सहित संविधान सभा के सभी सदस्यों को नमन करते हैं. “ये ऐतिहासिक दिन हमें एक मजबूत देश बनाने की प्रेरणा देता है और उन महान लोगों की याद दिलाता है, जिनकी वजह से भारत गणराज्य बना. महात्मा गांधी, सुभाष चंद्र बोस, लाला लाजपत राय, सरदार पटेल और डॉ. राजेन्द्र प्रसाद जैसे नेताओं ने देश की आजादी के लिए बड़ा संघर्ष किया.”
चंद्रयान, सूर्ययान और मंगलयान मिशन सफल: राज्यपाल ने कहा कि “प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत तेजी से प्रगति कर रहा है. देश ने चंद्रयान, सूर्ययान और मंगलयान जैसे मिशन भी सफलतापूर्वक संचालित किए हैं. स्वतंत्रता आन्दोलन में अपनी भूमिका निभाने वाले हरियाणा वासियों की याद में अंबाला में स्वतंत्रता संग्राम स्मारक बनकर तैयार हो गया है. इसके साथ ही शिक्षा, स्वास्थ्य एवं खेलकूद में भी हरियाणा ने नए कीर्तिमान स्थापित किए हैं.”
सेना का हर दसवां जवान हरियाणा से: राज्यपाल ने कहा कि “हरियाणा के युवा सेना में भर्ती होना गर्व मानते हैं, इसलिए सेना का हर दसवां जवान हरियाणा से है. राज्य सरकार ने सैनिकों और उनके आश्रितों के कल्याण के लिए अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं. एक अलग सैनिक और अधसैनिक कल्याण विभाग का गठन किया, साथ ही युद्ध में शहीद सैनिकों की सहायता राशि को एक करोड़ रुपये कर दिया गया है. अग्निवीरों को भर्ती में 10 प्रतिशत आरक्षण और 1984 के दंगा पीड़ितों के आश्रितों को नौकरियां भी दी गई हैं.”
हरियाणा और हरियाणवी का विकास: राज्यपाल प्रोफेसर असीम कुमार घोष ने कहा कि “राज्य सरकार सबका साथ-सबका विकास और हरियाणा एक-हरियाणवी एक के विचार पर चल रही है. इसी सोच के साथ सरकार द्वारा हरियाणा और हरियाणवी के विकास और भलाई के लिए लगातार काम किए जा रहे हैं.” उन्होंने कहा कि “हरियाणा सद्भाव और समान विकास के साथ आगे बढ़ा है, जिससे लोगों का जीवन आसान, सुरक्षित और सुविधाजनक हुआ है. आमजन और सरकार का सीधा संपर्क है और आईटी के माध्यम से सिस्टम को सरल व पारदर्शी बनाया है. नतीजतन शगुन राशि, पेंशन, बीपीएल व चिरायु कार्ड और किसानों की फसल का पैसा एक क्लिक से सीधे पात्र लोगों के खातों में पहुंच रहा है.”
कार्य और उपलब्धियां भी गिनाई: राज्यपाल ने कहा कि “हरियाणा में स्वास्थ्य सेवा को प्राथमिकता दी गई है. सभी जिला अस्पतालों में गरीब मरीजों के लिए निशुल्क डायलिसिस की सुविधा और 70 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिकों के लिए 10 लाख तक आयुष्मान भारत कार्ड का लाभ दिया जा रहा है. गरीब परिवारों के लिए हैप्पी योजना के तहत हरियाणा रोडवेज की बसों में एक हजार किमी. तक की सालाना यात्रा मुफ्त दी जा रही है. गरीब परिवारों को घर देने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लगभग एक लाख मकान दिए गए और लगभग 50 हजार मकान बन रहे हैं. मुख्यमंत्री आवास योजनाओं के अंतर्गत शहरों और गांवों में गरीबों को प्लॉट दिए गए और बाकी प्लॉट जल्द ही ड्रा के माध्यम से दिए जाएंगे.”
राज्यपाल ने कहा कि “हरियाणा सरकार द्वारा वृद्वावस्था सम्मान भत्ता, विधवा और दिव्यांग पैंशन देने के साथ बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और वन स्टॉप सेंटर सखी जैसी योजनाओं से महिलाओं को सुरक्षा और लाभ मिल रहा है. गुरुग्राम, फरीदाबाद और पंचकूला को स्मार्ट सिटी बनाने के लिए महानगर विकास प्राधिकरण बनाई गई. साथ ही सड़कों और रेल और रेपिड रेल परियोजनाओं का तेजी से विकास हो रहा है.”
एकजुट होकर काम करने का आह्वान: इस अवसर पर राज्यपाल ने उपस्थित सभी लोगों से सांस्कृतिक परम्परा और उच्च नैतिक मूल्यों पर चलते हुए देश व प्रदेश को खुशहाल और विकसित बनाने के लिए एकजुट होकर काम करने का संकल्प लेने का आह्वान भी किया. उन्होंने स्वतंत्रता सेनानियों के आश्रितों और युद्ध में वीरगति को प्राप्त सैन्य अधिकारियों/सैनिकों की वीरांगनाओं को शॉल देकर सम्मानित किया. इससे पहले राज्यपाल ने सेक्टर-12 स्थित शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर देश के वीर शहीदों को नमन कर श्रद्धांजलि दी.
इन टुकड़ियों ने किया मार्च पास्ट: गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान परेड कमांडर प्रतीक अग्रवाल, आईपीएस के नेतृत्व में हरियाणा पुलिस पंचकूला, हरियाणा पुलिस अकादमी मधुबन, राजस्थान पुलिस, हरियाणा गृह रक्षी पंचकूला, एनसीसी गर्ल्स सीनियर विंग, एनसीसी बॉयज जुनियर डिवीजन, सतलुज पब्लिक स्कूल सेक्टर-4, सेंट सोल्जर पब्लिक स्कूल सेक्टर-16, भवन विद्यालय सेक्टर-15 और स्काउट एंड गाइड की टुकड़ियों द्वारा शानदार मार्च पास्ट प्रस्तुत किया गया. साथ ही हरियाणा पुलिस अकादमी मधुबन द्वारा सटीक शस्त्र ड्रील, सामूहिक पीटी शो और योग, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सेक्टर 6 और पीएम श्री राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, सेक्टर 15 पंचकूला द्वारा पीटी शो, राजकीय आदर्श संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सेक्टर 20 पंचकूला द्वारा डंबल शो, राजकीय आदर्श संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सेक्टर 26 द्वारा सूर्य नमस्कार का शानदार प्रदर्शन किया गया. वहीं, डेयर डेविल शो में हरियाणा पुलिस के कमांडो द्वारा किए हैरतअंगेज प्रदर्शन ने काफी प्रभावित किया. इसके साथ ही स्कूली बच्चों द्वारा देशभक्ति और हरियाणवी संस्कृति पर आधारित प्रस्तुतियां दी गई. विभिन्न विभागों द्वारा कल्याणकारी योजनाओं पर आधारित झांकियां भी विशेष आकर्षण का केंद्र रही.
राज्यपाल ने विजेताओं को सम्मानित किया: झांकियों में पहला स्थान वन मंडल अधिकारी मोरनी, द्वितीय स्थान पुलिस उपायुक्त पंचकूला और तीसरे स्थान पर जिला आयुर्वेद अधिकारी पंचकूला की झांकी रही. परेड में हरियाणा पुलिस अकादमी मधुबन पुलिस प्लाटून ने प्रथम, राजस्थान पुलिस ने द्वितीय और आईटीबीपी भानू (महिला) की टुकड़ी ने तीसरा स्थान प्राप्त किया. राज्यपाल ने विजेताओं को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया और साथ ही शानदार प्रस्तुतियां देने वाली स्कूलों की सभी टीमों को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया. इस अवसर पर उन्होंने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों, खिलाड़ियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया.
27 जनवरी को स्कूलों में अवकाश: राज्यपाल ने शानदार सांस्कृतिक प्रस्तुतियों लिए स्कूली बच्चों और अन्य प्रतिभागियों की प्रशंसा की और पंचकूला के सभी स्कूलों में 27 जनवरी को एक दिन के अवकाश की घोषणा की. उन्होंने परेड में भाग लेने वाले पुलिसकर्मियों और अधिकारियों के लिए भी वेतन सहित अवकाश की घोषणा की.
