चंडीगढ़। हरियाणा में इलेक्ट्रिक वाहन खरीदना अब सस्ता होगा। 30 लाख रुपये तक के ईवी पर कोई वाहन कर नहीं देना पड़ेगा। इससे महंगे इलेक्ट्रिक वाहनों पर 50 प्रतिशत टैक्स माफ किया जाएगा। सीएनजी वाहनों पर 20 प्रतिशत टैक्स छूट जारी रहेगी।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में यह निर्णय लिए गए। राज्य में खरीदे और पंजीकृत होने वाले इलेक्ट्रिक दोपहिया, तिपहिया और चारपहिया वाहनों की एक्स-शोरूम कीमत 30 लाख रुपये तक होने पर पंजीकरण के समय 100 प्रतिशत मोटर व्हीकल टैक्स माफ किया जाएगा।
अब तक प्रदेश में इलेक्ट्रिक और बैटरी चालित वाहनों के पंजीकरण पर एकमुश्त मोटर व्हीकल टैक्स में 20 प्रतिशत की रियायत मिलती थी। सीएनजी वाहनों को मिल रही 20 प्रतिशत मोटर व्हीकल टैक्स छूट में कोई बदलाव नहीं किया गया है। नई टैक्स नीति से इलेक्ट्रिक वाहनों की कीमत अपेक्षाकृत कम होगी, जिससे उनकी बिक्री बढ़ने की संभावना है।
इससे पारंपरिक ईंधन पर निर्भरता घटेगी, वाहनों से होने वाले प्रदूषण में कमी आएगी और स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा मिलेगा। सरकार को उम्मीद है कि यह निर्णय राज्य में इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को गति देने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण के लक्ष्य को भी मजबूत करेगा।
महिलाओं को नया वाहन खरीदने पर एक प्रतिशत की टैक्स छूट
महिलाओं के नाम पर खरीदे और पंजीकृत किए जाने वाले 20 लाख रुपये तक की एक्स-शोरूम कीमत वाले गैर-परिवहन वाहनों पर मोटर व्हीकल टैक्स में एक प्रतिशत की अतिरिक्त छूट दी जाएगी। यह रियायत मौजूदा कर व्यवस्था के अतिरिक्त होगी।
इस फैसले का उद्देश्य महिलाओं के नाम पर वाहन पंजीकरण बढ़ाना और उन्हें संपत्ति के स्वामित्व में प्रोत्साहित करना है। इससे महिला स्वामित्व वाले वाहनों की संख्या बढ़ने के साथ आर्थिक गतिविधियों में उनकी भागीदारी को भी बल मिलने की उम्मीद है। प्रदेश में निजी उपयोग के वाहनों पर मोटर व्हीकल टैक्स वाहन की एक्स-शोरूम कीमत के आधार पर लिया जाता है।
