चंडीगढ़: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने एक बार फिर संवेदनशील और जनहितैषी नेतृत्व का परिचय देते हुए सड़क दुर्घटना में घायल दो युवकों की तत्काल सहायता कर मानवता की मिसाल पेश की। लाडवा से बाबैन की ओर जाते समय मुख्यमंत्री के काफिले ने सड़क किनारे एक दुर्घटना देखी, जहां बाइक सवार दो युवक गंभीर रूप से घायल अवस्था में पड़े थे।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार मुख्यमंत्री ने जैसे ही हादसे की जानकारी ली, उन्होंने तुरंत अपना काफिला रुकवाया और अधिकारियों को घायलों की मदद के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री स्वयं भी स्थिति की जानकारी लेने के लिए रुके और यह सुनिश्चित किया कि घायलों को बिना किसी देरी के चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
गंभीर हालत देखकर तुरंत लिया निर्णय
घायलों की हालत गंभीर देखते हुए मुख्यमंत्री ने अपने काफिले में मौजूद एम्बुलेंस को तत्काल मौके पर भेजा। प्राथमिक उपचार के बाद दोनों युवकों को एम्बुलेंस के माध्यम से नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज शुरू कराया गया।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि घायलों के उपचार में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए और उन्हें बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उनकी इस तत्परता से मौके पर मौजूद लोगों ने भी राहत महसूस की।
संवेदनशील नेतृत्व की झलक
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की इस पहल को लोगों ने संवेदनशील प्रशासन और मानवीय मूल्यों का उदाहरण बताया। आमतौर पर वीआईपी काफिले अपने निर्धारित कार्यक्रमों की ओर बढ़ जाते हैं, लेकिन मुख्यमंत्री ने दुर्घटना में घायल युवकों की जान बचाने को प्राथमिकता देते हुए मानवीय संवेदना का परिचय दिया।
लोगों ने की सराहना
घटना के बाद स्थानीय लोगों और राहगीरों ने मुख्यमंत्री के इस कदम की सराहना की। लोगों का कहना है कि संकट की घड़ी में किसी भी व्यक्ति की मदद करना सबसे बड़ा धर्म है और मुख्यमंत्री ने यही संदेश दिया है। उनकी तत्परता से घायलों को समय पर चिकित्सा सहायता मिल सकी, जो किसी भी गंभीर सड़क दुर्घटना में जीवन बचाने के लिए बेहद महत्वपूर्ण होती है।
मुख्यमंत्री की इस मानवीय पहल ने यह साबित किया कि जनप्रतिनिधि केवल प्रशासनिक जिम्मेदारियों तक सीमित नहीं होते, बल्कि जरूरत पड़ने पर आम नागरिकों के साथ खड़े होकर उनकी सहायता भी करते हैं।
