हरियाणा सरकार ने पूर्व अग्निवीरों के लिए बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में ‘अग्निवीर नीति 2024’ में संशोधन को मंजूरी दे दी गई। इसके तहत अब हरियाणा के मूल निवासी पूर्व अग्निवीरों को राज्य की कुछ सरकारी सेवाओं में 10 प्रतिशत के बजाय 20 प्रतिशत हॉरिजेंटल आरक्षण मिलेगा।
संशोधित नीति के अनुसार पर्यावरण, वन एवं वन्यजीव विभाग में फॉरेस्ट गार्ड, कारागार विभाग में वार्डर और खान एवं भूविज्ञान विभाग में माइनिंग गार्ड जैसे पदों पर अब 20 फीसदी सीटें अग्निवीरों के लिए आरक्षित रहेंगी। इससे पहले इन पदों के लिए 10 प्रतिशत कोटा तय किया गया था, जिसे अब दोगुना कर दिया गया है।
सरकार का कहना है कि सेना से प्रशिक्षित और अनुशासित युवाओं के कौशल का उपयोग नागरिक प्रशासन और सुरक्षा सेवाओं में करना राज्य के लिए लाभकारी होगा। केंद्र सरकार की सलाह के बाद हरियाणा ने यह कदम उठाया है, जिससे सैन्य सेवा पूरी करने के बाद लौटने वाले युवाओं को सम्मानजनक रोजगार के अवसर मिल सकेंगे।
