शिमला: हिमाचल में स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा बदलाव आया है. प्रदेश के सबसे बड़े अस्पताल इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (IGMC) में बुधवार, 11 मार्च से रोबोटिक सर्जरी की शुरुआत हो गई है. प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू विशेष तौर पर मौजूद रहे. सीएम सुक्खू ने खुद रोबोट से होने वाली सर्जरी को देखा. मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि, पहले इस तरह के इलाज सिर्फ़ निजी अस्पतालों में उपलब्ध होते थे. अब सरकारी अस्पतालों में भी इस तरह का इलाज होगा.
IGMC में रोबोटिक सर्जरी की शुरुआत
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि, “हिम केयर कार्ड में रोबोटिक सर्जरी मिले इसके लिए रिपोर्ट मंगाई गई है. राज्य सरकार ने सभी मेडिकल कॉलेज में रोबोटिक सर्जरी की शुरुआत कर दी है. आने वाले वक्त में हमीरपुर में भी रोबोटिक सर्जरी शुरू कर दी जाएगी. स्पेशल वार्ड लेने वाले मरीज़ों को 50 हज़ार रुपए और सामान्य वार्ड वाले मरीज़ों को इसके लिए 30 हज़ार रुपए चुकाने होंगे.”
अमेरिका-इजराइल और ईरान युद्ध के चलते कई देशों में गैस और पेट्रोल संकट पैदा है गया. वहीं, देश में संकट की स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि, LPG की कमी को लेकर केंद्र सरकार ने चिंता जताई है. उन्होंने कहा कि LPG आपूर्ति केंद्र सरकार के अधीन आती है और वे इसे देख रहे हैं.
हिमाचल की स्वास्थ्य व्यवस्था में जुड़ा नया अध्याय
CM सुक्खू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा है, “हिमाचल प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था में एक नया अध्याय जुड़ गया है. नेरचौक, चमियाणा और टांडा के बाद, आज से IGMC, शिमला में भी रोबोटिक सर्जरी की सुविधा शुरू हो गई है. अब हिमाचल के मरीजों को बड़े शहरों की ओर जाने की आवश्यकता नहीं रहेगी. यह तकनीक जटिल ऑपरेशन को और अधिक सटीक और सुरक्षित बनाएगी. मरीज जल्दी स्वस्थ होंगे और परिवारों की चिंता कम होगी. हमारा प्रयास है कि प्रदेश के हर अस्पताल में आधुनिक तकनीक उपलब्ध हो और लोगों को विश्व-स्तरीय इलाज की सुविधा मिले. हम मजबूत स्वास्थ्य व्यवस्था बना रहे हैं ताकि घर के निकट, भरोसेमंद और सुलभ उपचार उपलब्ध हो.”
BJP पर सीएम सुक्खू का हमला
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने प्रदेश में तीसरे मोर्चे को लेकर उठे सियासी हलचल पर भी प्रतिक्रिया दी. मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि, प्रदेश में तीसरे मोर्चे की संभावना हमेशा से रही है. वे लंबे वक़्त से कह रहे हैं कि भारतीय जनता पार्टी पांच गुटों में बंटी हुई है. मुख्यमंत्री ने अपने बयान को दोहराते हुए कहा कि भाजपा हिमाचल विरोधी है. भारतीय जनता पार्टी इन दिनों सिर्फ़ दोषारोपण के काम में लगी हुई है. भाजपा ने न तो आपदा के दौरान प्रदेश का साथ दिया और न ही रेवेन्यू डेफिसिट ग्रांट (RDG) की बहाली के लिए. भाजपा से पर सोशल मीडिया के ज़रिए राजनीति में लगी है.
